छत्तीसगढ़ सरकार और गेल ने छत्तीसगढ़ में गैस आधारित उर्वरक परियोजना विकसित करने के लिए समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए।

छत्तीसगढ़ सरकार और गेल (इंडिया) लिमिटेड ने छत्तीसगढ़ राज्य में एक नए गैस-आधारित उर्वरक परियोजना के विकास के लिए हाथ मिलाया।इस संबंध में छत्तीसगढ़ के माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साई की उपस्थिति में एक गैर-बाध्यकारी समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। एमओयू पर छत्तीसगढ़ सरकार के वाणिज्य एवं उद्योग सचिव श्री रजत कुमार और गेल (इंडिया) लिमिटेड के व्यवसाय विकास निदेशक श्री राजीव कुमार सिंघल ने हस्ताक्षर किए।

एमओयू के अनुसार, गेल मुंबई-नागपुर-झारसुगुड़ा प्राकृतिक गैस पाइपलाइन (एमएनजेपीएल) कॉरिडोर के किनारे रणनीतिक रूप से स्थित 12.7 लाख मीट्रिक टन (एलएमटी) यूरिया उत्पादन संयंत्र की स्थापना के लिए विस्तृत तकनीकी-आर्थिक अध्ययन करेगा। तकनीकी-आर्थिक मूल्यांकन के आधार पर, गेल द्वारा उर्वरक परियोजना की स्थापना के लिए निवेश निर्णय लिया जाएगा।छत्तीसगढ़ सरकार परियोजना के सभी चरणों में सहायता प्रदान करेगी, जिसमें व्यवहार्यता अध्ययन के लिए सहायता, उपयुक्त भूमि पार्सल की पहचान और आवंटन, राज्य और केंद्रीय अधिकारियों के साथ समन्वय, वैधानिक अनुमोदनों के लिए सुविधा और परियोजना कार्यान्वयन के लिए आवश्यक सहायक बुनियादी ढांचा शामिल है।

गेल के बारे में: गेल (इंडिया) लिमिटेड पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय के अधीन एक महारत्न सार्वजनिक क्षेत्र का उपक्रम है और भारत की अग्रणी प्राकृतिक गैस पारेषण और वितरण कंपनी है। गेल ने देश में विभिन्न प्राकृतिक गैस आधारित उद्योगों के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। गेल अब घरेलू उर्वरक उत्पादन को मजबूत करने के लिए उर्वरक क्षेत्र में योगदान देना चाहता है।

 छत्तीसगढ़ सरकार के बारे में: छत्तीसगढ़ सरकार निवेशक-हितैषी नीतियों, अवसंरचना विकास और व्यापार सुगमता की पहलों के माध्यम से औद्योगिक विकास को सक्रिय रूप से बढ़ावा दे रही है।