एनबीसीसी केरल राज्य आवास परियोजना के तहत कोच्चि में महत्वपूर्ण मरीन इको सिटी परियोजना को निष्पादित करेगा

केरल के माननीय मुख्यमंत्री श्री पिनरायी विजयन ने  कोच्चि के मरीन ड्राइव में मरीन इको सिटी परियोजना का शिलान्यास (ऑनलाइन माध्यम से) किया।

कोच्चि के बोलगट्टी स्थित केटीडीसी कन्वेंशन सेंटर में आयोजित इस कार्यक्रम में केरल के माननीय राजस्व एवं आवास मंत्री श्री के. राजन, राज्यसभा सांसद श्री पी.पी. सुनीर, माननीय विधायक श्री टी.जे. विनोद, केएसएचबी की हाउसिंग कमिश्नर एवं सचिव श्रीमती गीता ए., आईएएस, कोच्चि की जिला कलेक्टर श्रीमती जी. प्रियंका, आईएएस, एनबीसीसी के निदेशक (वाणिज्य) डॉ. सुमन कुमार, केएसएचबी के बोर्ड सदस्य श्री सुभाष पुंजकोट्टिल, केएसएचबी के तकनीकी सदस्य श्री वी. उन्नीकृष्णन सहित केएसएचबी और एनबीसीसी के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे।

इस परियोजना के लिए केएसएचबी और एनबीसीसी के बीच 2023 में एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए थे। यह परियोजना मरीन ड्राइव स्थित बीपीसीएल आवासीय परिसर के निकट निर्मित की जाएगी। इस महत्वपूर्ण विकास परियोजना का कार्य केरल राज्य आवास बोर्ड (केएसएचबी) द्वारा किया जा रहा है, जिसमें आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय, भारत सरकार के अधीन आने वाली नवरत्न सीपीएसई एनबीसीसी (इंडिया) लिमिटेड, परियोजना प्रबंधन परामर्शदाता (पीएमसी) के रूप में ईपीसी आधार पर कार्यान्वयन के लिए परियोजना से जुड़ा हुई है।

17.9 एकड़ की प्रमुख जलतटीय भूमि पर फैला, मरीन इको सिटी परियोजना को स्व-संधारणीय शहरी विकास मॉडल के रूप में परिकल्पित किया गया है, जिसका उद्देश्य कोच्चि में एक आधुनिक आवासीय, वाणिज्यिक और आतिथ्य केंद्र बनाते हुए भूखंड का मुद्रीकरण करना है।

चरण I विकास

परियोजना का चरण-I 3.16 एकड़ में विकसित किया जाएगा और इसमें लोअर ग्राउंड फ्लोर + अपर ग्राउंड फ्लोर + 26 मंज़िलों वाला मिश्रित उपयोग (आवासीय-सह-वाणिज्यिक) टावर शामिल होगा, साथ ही एक सटा हुआ पार्किंग ब्लॉक भी शामिल होगा। इस चरण का कुल निर्मित क्षेत्रफल लगभग 85,733 वर्ग मीटर (लगभग 9.22 लाख वर्ग फुट) होगा, जिसमें पार्किंग सुविधाएँ भी शामिल होंगी।

इस भवन में लोअर ग्राउंड और अपर ग्राउंड फ्लोर पर पार्किंग और सेवाएँ होंगी, पहली से तीसरी मंज़िल तक खुदरा वाणिज्यिक स्थान, चौथी और पाँचवीं मंज़िल पर कार्यालय स्थान, छठी मंज़िल पर क्लब हाउस और मनोरंजन सुविधाएँ तथा सातवीं से छब्बीसवीं मंज़िल तक आवासीय अपार्टमेंट होंगे। आवासीय भाग में कुल 152 अपार्टमेंट होंगे, जिनमें 80 तीन बेडरूम (3बीएचके) यूनिट और 72 चार बेडरूम (4 बीएचके) यूनिट शामिल होंगी, जिनमें प्रत्येक मंजिल पर आठ अपार्टमेंट होंगे।

इस चरण को पहले ही प्रमुख सांविधिक अनुमोदन प्राप्त हो चुके हैं, जिनमें सीआरजेड अनापत्ति, पर्यावरणीय अनापत्ति, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की सहमति, एयरपोर्ट प्राधिकरण की एनओसी, फायर प्री-एनओसी, वन्यजीव अनापत्ति तथा गृहा प्री-सर्टिफिकेशन शामिल हैं। चरण-I की अनुमानित लागत लगभग 480 करोड़ रुपये होगी।

भावी चरण

चरण-II और चरण-III का विकास 14.74 एकड़ में किया जाएगा और इससे परियोजना के दायरे का महत्वपूर्ण विस्तार होगा। चरण-II में 105 कमरों वाला 5-स्टार श्रेणी का होटल शामिल होगा, साथ ही एक कन्वेंशन सेंटर भी होगा, जिसे कोच्चि में पर्यटन और व्यावसायिक आयोजनों को समर्थन देने के लिए डिज़ाइन किया गया है। चरण-III में छह आवासीय टावर होंगे, जिनमें कुल 952 अपार्टमेंट शामिल होंगे। इनमें 538 तीन-बेडरूम (3बीएचके) यूनिट और 414 चार-बेडरूम (4 बीएचके) यूनिट होंगी और ये लोअर ग्राउंड फ्लोर + ग्राउंड फ्लोर + 28 मंज़िलों तक निर्मित होंगी। इन चरणों का संयुक्त निर्मित क्षेत्रफल लगभग 44.2 लाख वर्ग फुट प्रस्तावित है, जिसमें पार्किंग सुविधाएँ भी शामिल हैं।

इस विकास पर अपनी प्रसन्नता को व्यक्त करते हुए डॉ. के.पी. महादेवास्वामी, अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक, एनबीसीसी (इंडिया) लिमिटेड ने कहा— एनबीसीसी को कोच्चि में मरीन इको सिटी परियोजना के साथ परियोजना प्रबंधन परामर्शदाता के रूप जुड़ने पर गर्व है। यह महत्वपूर्ण जलतटीय विकास एकीकृत और संधारणीय शहरी अवसंरचना के प्रति दूरदर्शी दृष्टिकोण को दर्शाता है। एनबीसीसी केरल के लोगों के लिए इस प्रतिष्ठित परियोजना को सफलतापूर्वक और समय पर पूर्ण करने को सुनिश्चित करने के लिए परियोजना प्रबंधन और निष्पादन में अपनी विशेषज्ञता प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।

मरीन इको सिटी परियोजना से कोच्चि के मरीन ड्राइव के किनारे एक प्रमुख शहरी पहचान के प्रतीक के रूप में उभरने की उम्मीद है, जो संधारणीय और आयोनजाबद्ध शहरी विकास को बढ़ावा देने के साथ-साथ शहर के आवासीय, वाणिज्यिक और पर्यटन अवसंरचना को भी सुदृढ़ करेगी।