उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी नेअपने सरकारी आवास पर विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर आम की प्रजाति अरुणिका का पौधरोपण किया। मुख्यमंत्री जी ने प्रदेशवासियों को विश्व पर्यायवरण दिवस की बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी की प्रेरणा से विगत 09 वर्षों के दौरान प्रदेश सरकार ने पर्यावरण और प्रकृति के प्रति अपने उत्तरदायित्वों का निर्वहन करते हुए अनेक महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि वर्ष 2017 में डबल इंजन सरकार ने वन महोत्सव के अवसर पर 05 करोड़ वृक्षारोपण का लक्ष्य तय किया था। उस समय हमारे सामने अनेक चुनौतियां थीं। यहां न तो नर्सरी और न हीं इस प्रकार के बड़े कार्यक्रम को आगे बढ़ाने के लिए कोई अनुभव था। लेकिन बाद में वन विभाग और प्रदेश सरकार के अन्य सभी विभागों ने मिलकर इस लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में कार्य किया।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि विगत 09 वर्षों के अन्दर प्रदेश में वन महोत्सव के अवसर पर होने वाले वृक्षारोपण के अन्तर्गत प्रदेश सरकार ने अब तक 242 करोड़ से अधिक वृक्षारोपण कर अभूतपूर्व सफलता प्राप्त की। इससे प्रदेश का फॉरेस्ट कवर बढ़ा है। 03 वर्ष पहले प्रधानमंत्री जी ने प्रकृति और मातृभूमि के प्रति अपने दायित्वों का निर्वहन करते हुए कृतज्ञता स्वरूप ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान का शुभारम्भ किया था।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान के क्रम में आज उत्तर प्रदेश में वृक्षारोपण महाभियान प्रारम्भ हो रहा है। अपनी माँ तथा मातृभूमि के प्रतिकृतज्ञता ज्ञापित करते हुए प्रभु श्रीराम ने प्रत्येक नागरिक के लिए ‘जननी जन्मभूमिश्च स्वर्गादपि गरीयसी’ का उद्घोष किया था, अर्थात जन्म देने वाली माता और जन्मभूमि स्वर्ग से भी श्रेष्ठ हैं। जननी और जन्मभूमि दोनों के प्रति कृतज्ञता ज्ञापित करना प्रत्येक नागरिक का दायित्व है। पर्यावरण की रक्षा करना मातृभूमि के प्रति हमारे सर्वोच्च दायित्वों में से एक है।
सरकार द्वारा पर्यावरण की रक्षा के लिए वृहद पैमाने पर वृक्षारोपण कार्यक्रम चलाया जा रहा है। प्रदेश सरकार द्वारा पर्यावरण की अनेक चुनौतियों जैसे ग्लोबल वॉर्मिंग, क्लाइमेट चेंज, मौसम चक्र में परिवर्तन तथा अपने अस्तित्व के लिए जूझ रही जैव प्रजातियां की समस्याओं के समाधान के लिए अनेक कदम उठाए गए हैं।
इसके अन्तर्गत राज्य सरकार ने प्लास्टिक मुक्त गाँव, शहर, जनपद तथा प्रदेश बनाने के लिए सिंगल यूज प्लास्टिक को हतोत्साहित करने तथा उसके स्थान पर वैकल्पिक रूप में मिट्टी के बर्तनों के उपयोग की प्रोत्साहित करने के लिए अनेक कदम उठाए हैं। इसके अन्तर्गत उत्तर प्रदेश माटी कला बोर्ड की स्थापना, अप्रैल से जून तक प्रत्येक गाँव और शहर के तालाबों से प्रजापति और कुम्हार समाज के लोगों को निःशुल्क मिट्टी उपलब्ध कराने की व्यवस्था कराना तथा उन्हें मैनुअल चाक के साथ-साथ सोलर और इलेक्ट्रिक चाक उपलब्ध कराना आदि कार्यक्रम सम्मिलित है।
प्रदेश सरकार ने जल संरक्षण के लिए अनेक कदम उठाए हैं। इस सम्बन्ध में अनेक मॉडल भी प्रस्तुत किए गए हैं। डेवलपमेन्ट अथॉरिटी ने एक निश्चित क्षेत्रफल से बड़े क्षेत्रफल पर बनने वाली प्रत्येक आवासीय सुविधा, व्यवस्था तथा कमर्शियल परिसर के लिए रेन वॉटर हार्वेस्टिंग को अनिवार्य किया है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि हमें ध्यान रखना होगा पर्यावरण बचेगा, तो प्रकृति बचेगी, प्रकृति बचेगी, तो जीव सृष्टि भी बचेगी। प्रत्येक नागरिक का दायित्व है कि वह मातृभूमि के प्रति अपने दायित्वों का ईमानदारी पूर्वक निर्वहन करें। ‘एक पेड़ माँ के नाम वृक्षारोपण महाभियान‘ उसी श्रृंखला का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर ‘एक पेड़ माँ के नाम’ का शुभारम्भ करते उन्हें प्रसन्नता की अनुभूति हो रही है।