भारत की नंबर 1 इलेक्ट्रिक कमर्शियल वाहन निर्माता कंपनी, महिंद्रा लास्ट माइल मोबिलिटी लिमिटेड ने लास्ट माइल परिवहन के क्षेत्र में नया अध्याय शुरू करते हुए अपना अब तक का सबसे उन्नत इलेक्ट्रिक थ्री-व्हीलर महिंद्रा उड़ो पेश किया। महिंद्रा उड़ो का डिज़ाइन हवाई जहाज़ से प्रेरित है और इसे ऑटोप्लेन की अवधारणा पर तैयार किया गया है। हिंदी में उड़ो का अर्थ है उड़ान भरना, और यह वाहन ग्राहकों की आकांक्षाओं को पंख देने का प्रतीक है। इसकी एक्स-शोरूम कीमत 3,84,299.00 रखी गई है, लेकिन सीमित अवधि के लिए उड़ो 3,58,999.00 में उपलब्ध होगा।
महिंद्रा लास्ट माइल मोबिलिटी लिमिटेड की मैनेजिंग डायरेक्टर और सीईओ, सुमन मिश्रा ने कहा, महिंद्रा लास्ट माइल मोबिलिटी में हमारा उद्देश्य शहरों की छोटी दूरी के परिवहन को इलेक्ट्रिक बनाकर ग्राहकों के जीवन में सार्थक सुधार लाना है। इस लॉन्च के साथ हम उस दिशा में एक ठोस और निर्णायक कदम उठा रहे हैं। ग्राहकों की जरूरतों को समझते हुए महिंद्रा उड़ो को पूरी तरह नए सिरे से तैयार किया गया है, ताकि इसमें सुरक्षा, आराम, डिज़ाइन और प्रदर्शन का संतुलित मेल हो। यह उत्पाद हमारे उस विश्वास को दर्शाता है कि छोटी दूरी की सवारी केवल रोज़गार का साधन न रहे, बल्कि गरिमा और सम्मान का प्रतीक बने, और साथ ही इस श्रेणी में नए मानक स्थापित करे।
1948 से पारंपरिक ऑटो डिज़ाइन में वैश्विक स्तर पर बहुत बदलाव नहीं हुआ। ड्राइवर और यात्रियों के आराम को अक्सर नज़रअंदाज़ किया गया। भारत दुनिया का सबसे बड़ा 3W ईवी बाज़ार है, इसलिए इस बदलाव की अगुवाई करना स्वाभाविक था। महिंद्रा के चीफ डिज़ाइन एंड क्रिएटिव ऑफिसर (ऑटो और फार्म सेक्टर), प्रताप बोस और उनकी टीम ने ऑटो को नए सिरे से डिज़ाइन किया है। आकर्षक हेडलैंप, स्टाइलिश मिरर और बड़ी विंडशील्ड के साथ उड़ो की रोड प्रेजेंस अलग पहचान बनाती है।
अंदर की ओर, ऑटोप्लेन में ड्राइवर के लिए लगभग 20 प्रतिशत मोटी और अधिक आरामदायक पायलट सीट दी गई है। यात्रियों के लिए फर्स्ट-क्लास सीटिंग के साथ बेहतर लेगरूम और हेडरूम दिया गया है, जिससे लंबी यात्राओं में भी लाउंज जैसा आराम मिलता है। इंडिपेंडेंट रियर सस्पेंशन और ड्यूल फोर्क फ्रंट सस्पेंशन उबड़-खाबड़ सड़कों पर भी बेहतर स्थिरता और आराम सुनिश्चित करते हैं। सेगमेंट में पहली बार मोनोकोक कंस्ट्रक्शन के साथ, महिंद्रा न्क्व् मजबूत संरचना और बेहतरीन राइड क्वालिटी प्रदान करता है। भविष्यवादी डिज़ाइन और आराम के साथ उड़ो शानदार प्रदर्शन भी देता है। यह 200 किमी की वास्तविक ड्राइविंग रेंज (265 किमी एआरएआई प्रमाणित रेंज) प्रदान करता है।
इसमें आईपी 67-रेटेड 11.7 kWh लेजर-वेल्डेड लिथियम-आयन बैटरी पैक दिया गया है। पीएमएस मोटर 10 kW की पीक पावर और 52 एनएम टॉर्क देती है। रीजनरेटिव ब्रेकिंग और सेगमेंट में पहली बार रिवर्स थ्रॉटल सिस्टम बिना ब्रेक दबाए स्मूद स्पीड कंट्रोल देता है। यह फीचर रेंज बढ़ाने के साथ ड्राइविंग को और सहज बनाता है। हिल होल्ड असिस्ट और क्रीप फंक्शन ढलानों और ट्रैफिक में आसान ड्राइविंग सुनिश्चित करते हैं। रेंज, राइड और रेस-इन तीन ड्राइविंग मोड के साथ ड्राइवर ट्रैफिक और जरूरत के अनुसार प्रदर्शन चुन सकता है। रेस मोड में 55 किमी/घंटा की टॉप स्पीड से सफर तेज़ी से पूरा कर अधिक आय अर्जित की जा सकती है। महिंद्रा उड़ो के साथ 1.5 लाख किमी या 6 वर्ष (जो पहले हो) की वारंटी दी जा रही है। आईपी 67-रेटेड बैटरी, ड्राइवट्रेन और चार्जर इसे कठिन मौसम में भी भरोसेमंद बनाते हैं।
शक्तिशाली ड्रम ब्रेक इसे सेगमेंट में सबसे कम ब्रेकिंग दूरी प्रदान करते हैं। 30.48 सेमी ट्यूबलेस टायर अतिरिक्त सुरक्षा देते हैं। महिंद्रा को उड़ो पर अपने भरोसे का प्रमाण देते हुए उद्योग में पहली बार 1 लाख किमी तक मुफ्त सर्विस की सुविधा दी जा रही है। उड़ो खरीदने पर ग्राहक स्वतः महिंद्रा की उदय एनएक्सटी योजना में शामिल हो जाते हैं, जिसके तहत वाहन मालिक को 20 लाख का दुर्घटना बीमा, वित्तीय परामर्श और अन्य लाभ प्रदान किए जाते हैं।
अपने आकर्षक डिज़ाइन, सेगमेंट में पहली बार दिए गए फीचर्स और महिंद्रा की विश्वसनीयता के साथ ऑटो श्रेणी में इलेक्ट्रिक वाहनों के विस्तार के लिए तैयार है। महिंद्रा उड़ो का निर्माण ज़हीराबाद स्थित महिंद्रा के अत्याधुनिक मैन्युफैक्चरिंग प्लांट में किया जाता है। इस संयंत्र में कंपनी ने बड़े पैमाने पर निवेश किया है, जिसमें नई ऑटोमेटेड बैटरी असेंबली और रोबोटिक उत्पादन लाइनें शामिल हैं।